🏹

हनुमान को सीता मिलीं

कहानी 52 हनुमान और सेतु 2 मिनट में पढ़ें 3–10 साल

हनुमान ढूँढते रहे, ढूँढते रहे। वे थक गए थे, पर रुके नहीं।

आखिर में, फूलों से भरे एक सुंदर बगीचे में, उन्होंने एक पेड़ के नीचे बैठी एक कोमल महिला को देखा। वे उदास थीं, पर बहादुर लग रही थीं।

हनुमान का दिल खुशी से उछल पड़ा। "ये ज़रूर सीता होंगी!" वे धीरे से बोले।

उन्होंने हर जगह ढूँढा था, और आखिर उनकी मेहनत रंग लाई। उन्हें सीता मिल गई थीं!

हनुमान ने कभी हार नहीं मानी, इसीलिए उन्हें आखिर सीता मिल गईं। अब वे सीता और राम, दोनों के लिए उम्मीद ला सकते थे।

कहानी की सीख

अगर तुम कोशिश करते रहो और हार न मानो, तो तुम्हें अपनी राह ज़रूर मिलेगी।

लगे रहना
💡

क्या आप जानते हैं?

सीता को फूलों के एक सुंदर बगीचे में रखा गया था, जिसे अशोक वाटिका कहते हैं।

🏠

घर पर यह करके देखें

कोई मुश्किल काम पूरा होने तक उस पर लगे रहो।

बातचीत के सवाल

कहानी पढ़ने के बाद ये पूछें। हर सवाल के नीचे जवाब दिया है।

हनुमान को सीता कहाँ मिलीं?

जवाब: फूलों के बगीचे में

सीता को देखकर हनुमान कैसा महसूस करने लगे?

जवाब: बहुत खुश

हनुमान को कामयाबी क्यों मिली?

जवाब: उन्होंने हार नहीं मानी

इस कहानी को जीवंत बनाइए

Superkids ऐप में आपका बच्चा यही कहानी तस्वीरों के साथ पढ़ता है, सुनता भी है, सवालों का जवाब खेल-खेल में देता है, और हर पूरी कहानी पर सितारे कमाता है।

मुफ़्त शुरू करें

कार्ड की ज़रूरत नहीं।

ऐसी और कहानियाँ

SuperBot
ऑनलाइन · आपका SuperKids गाइड

जवाब हमारे अपने गाइड से · कोई असली व्यक्ति नहीं

सुपर किड्स AI ऐप

सुपर किड्स AI ऐप

Android के लिए मुफ़्त — Play Store की ज़रूरत नहीं

Android पर इंस्टॉल करें
  1. बटन दबाएँ — फ़ाइल आपके फ़ोन में डाउनलोड हो जाएगी।
  2. उसे खोलें और Install दबाएँ। फ़ोन पूछे तो ब्राउज़र से इंस्टॉल की अनुमति दें।
  3. सुपर किड्स AI खोलें, लॉग इन करें और खेलना शुरू करें!